ब्यूरो रिपोर्ट
कुख्यात बदमाश महिला सिपाही के कुंडल लूट चुका था, उत्तराखंड समेत चार प्रदेशों में उसने वारदातों को अंजाम दिया,
शामली के कांधला क्षेत्र में शुक्रवार तड़के खंद्रावली पुलिस चौकी के पास पुलिस और बदमाशों के बीच हुई मुठभेड़ में 50 हजार रुपये का इनामी बदमाश मेहताब मारा गया। मुठभेड़ के दौरान कांधला थाने में तैनात दरोगा दीपचंद भी गोली लगने से घायल हो गए। उन्हें उपचार के लिए अस्पताल में भर्ती कराया गया है। पुलिस ने मौके से एक बिना नंबर की मोटरसाइकिल, एक नौ मिलीमीटर की पिस्तौल और कई कारतूस बरामद किए हैं।
पुलिस पर फायरिंग के बाद हुई जवाबी कार्रवाई
पुलिस अधीक्षक नरेंद्र प्रताप सिंह ने बताया कि शुक्रवार सुबह सूचना मिली थी कि खंद्रावली पुलिस चौकी के पास कुछ बदमाश किसी वारदात को अंजाम देने की फिराक में मौजूद हैं। सूचना पर पुलिस टीम मौके पर पहुंची और मोटरसाइकिल सवार दो संदिग्धों को रुकने का संकेत दिया। इस दौरान बदमाशों ने पुलिस टीम पर गोलीबारी शुरू कर दी। जवाबी कार्रवाई में 50 हजार रुपये का इनामी बदमाश मेहताब गोली लगने से घायल हो गया। वहीं बदमाशों की गोली से दरोगा दीपचंद भी घायल हो गए।
दोनों को अस्पताल ले जाया गया, जहां चिकित्सकों ने मेहताब को मृत घोषित कर दिया। उसका एक साथी मौके से फरार हो गया, जिसकी तलाश में पुलिस लगातार कांबिंग अभियान चला रही है। घायल दरोगा का अस्पताल में उपचार चल रहा है।
कई राज्यों में सक्रिय था मेहताब का गिरोह
पुलिस के अनुसार मेहताब कैराना के मोहल्ला आलकलां का रहने वाला था। उस पर हत्या, लूट, डकैती सहित विभिन्न धाराओं में 34 मुकदमे दर्ज थे। वह शामली, बागपत, मेरठ, मुजफ्फरनगर के अलावा हरियाणा, उत्तराखंड और दिल्ली में भी सक्रिय था। पुलिस के मुताबिक गिरोह की कमान भी उसी के हाथ में थी।
महिला सिपाही और किसानों से लूट की वारदात में था वांछित
पुलिस अधीक्षक ने बताया कि मेहताब ने एक मार्च को पानीपत में तैनात एक महिला सिपाही से सोने के कुंडल लूट लिए थे। इसके अलावा आदर्श मंडी क्षेत्र में किसानों से लूट की घटनाओं में भी उसका नाम सामने आया था। पुलिस लंबे समय से उसकी तलाश कर रही थी और उस पर 50 हजार रुपये का इनाम घोषित था।

