जोगेंद्र मावी, ब्यूरो
हरिद्वार। रिंग रोड के किनारे काटी जा रही तमाम अवैध कॉलोनियों पर एचआरडीए ने सख्ती बरतनी शुरू कर दी है। चार कॉलोनियों में ध्वस्तीकरण की कार्रवाई कर संदेश दिया है कि अवैध कॉलोनी किसी भी सूरत में काटने नहीं दी जाएगी।
बहादराबाद बाईपास से लेकर लक्सर रोड जगजीतपुर तक कॉलोनाइजरों को कॉलोनी काटने का नया क्षेत्र रिंग रोड के निर्माण से मिला हैं, लेकिन रिंग रोड के पास हर कॉलोनी अवैध काटी जा रही है। कॉलोनाइजर ग्राहकों को भ्रमित कर रहे हैं कि उनकी कॉलोनी हाईवे से अटैच है, जबकि एनएच ने सर्विस रोड से भी किसी खेत में रास्ता नहीं दिया है। बल्कि रिंग रोड से तो क्या सर्विस रोड की दीवार कूदकर भी खेत में नहीं जा सकते।

कॉलोनाइजरों ने रिंग रोग की सर्विस रोड के किनारे के खेतों में फसलें उगानी बंद करते हुए कॉलोनी काटनी शुरू कर दी है। इन सभी अवैध कॉलोनियों पर एचआरडीए ने चाबुक चलाना शुरू कर दिया है। एचआरडीए की उपाध्यक्ष सोनिका के निर्देश पर विभागीय अभियंताओं ने ध्वस्तीकरण कार्रवाई की। टीम ने चार कॉलोनियों में ध्वस्तीकरण कराया।
एचआरडीए के सचिव मनीष सिंह ने बताया कि गाड़ोवाली रोड पर रिंग रोड के पास वसीम कुरैशी द्वारा लगभग 15 बीघा के क्षेत्रफल में किए जा रहे अनाधिकृत प्लॉटिंग को प्राधिकरण की टीम द्वारा जेसीबी की सहायता से पुलिस बल की उपस्थिति में ध्वस्त किया गया।
गाड़ोवाली में ही रिंग रोड की सर्विस रोड पर सन्नी पंजाबी द्वारा लगभग 4 बीघा भूमि पर अवैध प्लॉटिंग, सराय में रिंग रोड रेलवे फाटक से पहले रबीश अहमद द्वारा लगभग 08 – 10 बीघा भूमि पर अवैध प्लॉटिंग, रोहालकी हरिद्वार में रिंग रोड के सर्विस रोड पर सौरभ त्यागी द्वारा लगभग 10 बीघा भूमि पर अवैध प्लॉटिंग का निर्माण कार्य किया जा रहा है। जिन पर प्राधिकरण द्वारा उक्त सभी अनाधिकृत प्लॉटिंग के विरुद्ध अधिनियम की सुसंगत धाराओं के अंतर्गत कार्रवाई करते हुए वाद योजित किए।

एचआरडीए के सचिव मनीष सिंह ने बताया कि स्थल पर निरंतर निर्देशों के बावजूद भी अनाधिकृत निर्माणकर्ताओं द्वारा स्थल पर निर्माण कार्य बंद ना करने के कारण प्राधिकरण टीम द्वारा अवैध प्लॉटिंग कों पुलिस बल की उपस्थिति में ध्वस्त किया गया। मौके पर उपस्थित अनाधिकृत निर्माणकर्ताओं को निर्देश दिए गए कि स्थल पर बिना मानचित्र स्वीकृत कराए आगे निर्माण कार्य ना किया जाए। साथ ही ग्राहकों को भी जागरूक करते हुए बताया कि बिना अप्रूव्ड कॉलोनी में प्लॉट नहीं खरीदे। ऐसे कॉलोनाइजर ग्राहकों के साथ फ्राड भी करते है, एक प्लॉट को कई ग्राहकों को दिखाकर बेच देते हैं। ऐसे में ग्राहकों की गाढ़ी कमाई भी फंस जाती है।

