जोगेंद्र मावी, ब्यूरो
हरिद्वार से गंगा स्नान कर घर लौट रहे युवकों की कार का एक्सीडेंट हो जाने से सभी की मौके पर ही मौत हो गई। उनकी तेज रफ्तार स्विफ्ट कार सड़क किनारे खड़े कैंटर में जा घुसी थी। चार युवकों की मौत के बाद गांव में मातम पसरा है। इनमें से एक युवक परमजीत की शादी अगले दिन होनी थी।
पानीपत-खटीमा हाईवे पर बुटराडा फ्लाईओवर के पास शुक्रवार रात करीब 11 बजे भीषण सड़क हादसा हो गया। तेज रफ्तार स्विफ्ट कार सड़क किनारे खड़े कैंटर में जा घुसी। टक्कर इतनी जबरदस्त थी कि कार में सवार चार युवकों की मौके पर ही मौत हो गई। सूचना मिलते ही एएसपी संतोष कुमार और बाबरी थाना पुलिस मौके पर पहुंचे। चारों शवों को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया।
इस हादसे में जान गंवाने वाला परमजीत दो विवाहित बहनों का इकलौता भाई था। वह 24 वर्ष का था। बीए पास कर वह खेतीबाड़ी करता था। परमजीत के पिता आनंद का देहांत हो चुका है। वहीं, कुछ समय पहले ही इसका रिश्ता हुआ था। 9 नवंबर को उसकी बारात राजस्थान में जानी थी। वह शुक्रवार शाम 6:30 बजे हरिद्वार स्नान करने के लिए निकला था। रिश्ता कुछ समय पहले ही हुआ था।

साहिल गांव मोही माजरी के डाकखाने में नौकरी करने वाले साहिल की उम्र 22 साल थी। वह परिवार में इकलौता बेटा था। वह 12वीं पास कर करीब 3 साल पहले ही नौकरी पर लगा था। इसकी फरवरी 2024 में शादी हुई थी।
साहिल अपने दादा अर्जुन सिंह की गाड़ी से ही हरिद्वार के लिए निकला था। साहिल के पिता सुनील हैं, जोकि खेतीबाड़ी करते हैं। वह शुक्रवार को ही अपनी पत्नी सरिता को उसके मायका गांव बजाना से लेकर लौटा था। लेकिन, बाद में हरिद्वार के लिए निकल गया था।
आशीष दो बहनों का इकलौता भाई था। 24 साल का आशीष BA पास कर खेतीबाड़ी करता था। वह अविवाहिता था। एक बहन विवाहित है। जबकि, दूसरी बहन ऑस्ट्रेलिया में पढ़ाई करती है। हादसे के बाद वहां से घर के लिए निकल चुकी है। वह रविवार को पहुंचेगी। पिता मेहरचंद का देहांत हो चुका है।
विवेक एक कॉलेज में BA की पढ़ाई करने वाले विवेक की उम्र 23 वर्ष थी। उसका एक बड़ा भाई है। पिता बलराज पेशे से किसान है। विवेक अविवाहित था। हरिद्वार स्नान का प्लान उसने ही बनाया था। जिसके बाद बाकी तीनों दोस्तों ने भी स्नान करने जाने की हामी भरी थी।

