जोगेंद्र मावी, ब्यूरो
हरिद्वार। जनपद में शिक्षकों को जनगणना ड्यूटी से कार्यमुक्त करने की मांग तेज हो गई है। शिक्षक महासंघ, हरिद्वार ने मुख्य शिक्षा अधिकारी को ज्ञापन सौंपकर इस संबंध में शीघ्र निर्णय लेने की अपील की है।
महासंघ ने अपने ज्ञापन में कहा है कि शिक्षक जनगणना जैसे महत्वपूर्ण राष्ट्रीय कार्य के प्रति पूरी तरह प्रतिबद्ध हैं, लेकिन वर्तमान परिस्थितियों में कई व्यावहारिक समस्याएं सामने आ रही हैं।
ज्ञापन के अनुसार अधिकांश शिक्षकों की ड्यूटी उनके कार्यस्थल से 25 से 35 किलोमीटर दूर लगा दी गई है, जिससे आवागमन में अत्यधिक समय और असुविधा हो रही है। वहीं, विद्यालयों का समय प्रातः 7:30 बजे से अपराह्न 2:05 बजे तक होने के कारण शिक्षकों पर दोहरी जिम्मेदारी का बोझ पड़ रहा है।
महासंघ ने यह भी बताया कि कई शिक्षकों को अब तक जनगणना कार्य से संबंधित स्पष्ट आदेश और दिशा-निर्देश प्राप्त नहीं हुए हैं। साथ ही, सुरक्षा और जिम्मेदारी को लेकर भी स्थिति स्पष्ट नहीं है।
ज्ञापन में यह भी उल्लेख किया गया है कि जनगणना ड्यूटी में प्रधानाध्यापकों को भी लगाया गया है, जिससे विद्यालय संचालन प्रभावित हो सकता है। इसके अलावा, शिक्षकों को अपने निजी मोबाइल से कार्य करने के निर्देश दिए जा रहे हैं, जो व्यवहारिक नहीं है।
महासंघ ने मांग की है कि जनगणना कार्य को बिना किसी दबाव के और पूर्ण स्वतंत्रता के साथ कराया जाए। साथ ही, शिक्षकों को कार्यमुक्त कर इस कार्य के लिए अलग व्यवस्था सुनिश्चित की जाए, ताकि शैक्षिक व्यवस्था प्रभावित न हो।
ज्ञापन पर महासंघ के जिला अध्यक्षों और पदाधिकारियों के हस्ताक्षर हैं। उन्होंने चेतावनी दी है कि यदि समस्याओं का शीघ्र समाधान नहीं हुआ तो आगे आंदोलन की रणनीति बनाई जाएगी। ज्ञापन देने वालो में राजेश सैनी, पवन सैनी,जितेंद्र सिंह,लोकेश कुमार,विवेक सैनी, किरतपाल सिंह आदि लोग मौजूद रहे।

