जोगेंद्र मावी, ब्यूरो
शहर के कलेक्ट्रेट परिसर में दोपहर घटित एक घटना ने अधिवक्ताओं व कर्मचारियों को झकझोर कर रख दिया। पार्किंग में खड़ी कार में अधिवक्ता का खून से सना हुआ शव बरामद हुआ। हाथ में पिस्टल और बोनट पर सुसाइड नोट देख पुलिस इसे आत्महत्या करार दे रही है। बेहद ही मिलनसार स्वभाव के अधिवक्ता द्वारा आत्मघाती कदम उठाने से सभी स्तब्ध हैं। पुलिस ने मौके पर पहुंचकर जांच पड़ताल शुरू कर दी है।
नैनीताल में अधिवक्ता पूरन सिंह भाकुनी ने अपनी कार में खुद को गोली मार ली। पुलिस ने मौके से एक कथित सुसाइड नोट बरामद किया है जिसमें डिप्रेशन का जिक्र बताया जा रहा है। शव को जानकारी के मुताबिक सोमवार को कलेक्ट्रेट और जिला न्यायालय परिसर में सभी अधिवक्ता रोजाना की तरह कामकाज में लगे हुए थे। करीब 11:30 बजे पार्किंग से गुजर रहे अधिवक्ताओं ने एक वाहन के भीतर लॉन्ग व्यू कंपाउंड निवासी पूरन सिंह भाकुनी को खून से लथपथ पड़ा हुआ। जिनके हाथ मे पिस्टल देख हड़कंप मच गया। घटना की खबर लगते ही मौके पर अधिवक्ताओं की भारी भीड़ उमड़ पड़ी। इस बीच पुलिस भी मौके पर पहुंच गई।

घटनास्थल से शव के हाथ मे पिस्टल व कार के आगे डेसबोड में एक सुसाइड नोट भी बरामद हुआ है, जिसमें लिखा है कि वह अपनी बीमारी से बहुत परेशान है। वह अब ज़िन्दगी की गाड़ी नहीं खींच पा रहा का। सुसाइड नोट में लिखा है कि कुमाऊं आयुक्त, डीएम, एसएसपी, उनकी पत्नी को संभाल ले ताकि वह गलत कदम नहीं उठाए। हालांकि पुलिस ने अभी आधिकारिक तौर पर सुसाइड नोट की सामग्री सार्वजनिक नहीं की है।
पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है और मामले की जांच शुरू कर दी है। मौके पर फोरेंसिक टीम को भी बुलाया गया है, जो साक्ष्य जुटाने में लगी हुई है। एसपी डॉ जगदीश चन्द्र ने बताया कि सभी पहलुओं को ध्यान में रखते हुए जांच की जा रही है। सुसाइड नोट और फोरेंसिक जांच के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।

